विगत कई दिनों से झाबुआ जिले के ग्रामीण क्षेत्रों में कट रही कॉलोनी के विषय में सूचनाएं प्राप्त हो रही थी। इसी तारतम्य में एसडीएम झाबुआ द्वारा एक रियल एस्टेट कारोबारी को नोटिस भेजा गया इस नोटिस के जवाब में प्रेस कॉन्फ्रेंस करते हुए रॉयल रियल स्टेट के ओनर दिनेश चौहान ने बताया कि पेसा एक्ट और ग्राम सभा के अधिकारों को अंतर्गत आदिवासी क्षेत्र की आरक्षित भूमि पर आदिवासी अपने एवं समाज के विकास के लिए किसी भी प्रकार का कार्य कर सकता है।
कानून द्वारा उसे विशेष अधिकार प्राप्त है परंतु एसडीएम झाबुआ द्वारा पेसा एक्ट का अध्ययन ना करते हुए एक साधारण शिकायत पर उन्हें प्रताड़ित किया जा रहा है। उन्होंने मांग की है कि एसडीम पेसा एक्ट और ग्राम सभा के अधिकारों का अध्ययन करें उसके पश्चात कोई कार्यवाही करें। साथ ही उन्होंने बताया कि षडयंत्र के तहत सिर्फ उन्हीं को ऐसा नोटिस भेजा गया है जबकि उनके द्वारा किए जा रहे कार्य से आदिवासियों को फायदा हो रहा है। आदिवासियों को उनकी जमीन के उचित दाम मिल रहे हैं। वह इस क्षेत्र में आदिवासियों की सेवा के लिए ही कार्य कर रहे हैं