रिंगनोद:- (योगेश गवरी) रिंगनोद नगर मे वर्षप्रतिपदा गुड़ीपड़वा हिन्दुनवर्ष बड़े हर्ष उल्लास के साथ मनाया गया सूर्योदय पूर्व ही महिलाओ ने अपने घर आंगन की साफ सफाई कर रंगों से और फूलो से सजाया सूर्योदय होने पर नगर वासियो द्वारा सामूहिक रूप से सूर्य को अर्ध्य देकर आतिशबाजी के साथ हिन्दुनवर्ष का स्वागत किया गया मन्दिरो में ध्वजा चढ़ाकर आम की मंजरिया भगवान को चढाई गई सभी मन्दिरो में महा आरती उतारकर नीम रस एवं धनिए गुड़ की प्रसादी बांटी गई। अतिप्राचीन माँ नागेश्वरी माता मंदिर में नववर्ष की झांकिया बनाई गई और दोपहर मे मां नागेश्वरी प्रांगण से भव्य शोभा यात्रा मे बालिका सिर पर कलश लेकर चल आगे चल रही थी शोभायात्रा में आगे युवक भगवाध्वज लहराते चल रहे थे बालिकाए कलश उठाकर एवं महिलाएं सांस्कृतिक परिधान में गरबा नृत्य कर चल रही थी युवक एवं पुरुषगण जय जय श्री राम का उदघोष करते चल रहे थे पूरा नगर भगवामय रंग में रंग गया शोभायात्रा का नगर वासियो ने पुष्पवर्षा कर स्वागत किया जगह जगह सामाजिक एवं राजनीतिक मंचो द्वारा पुष्पवर्षा से स्वागत किया गया शोभायात्रा नगर के प्रमुख मार्गो से होती हुई माँ नागेश्वरी माता मंदिर पहुंची जहां माँ नागेश्वरी को छप्पनभोग लगाकर महा आरती उतारी गई और महाप्रसादी के रूप में नगर चौरासी कर सामूहिक महाभोज का आयोजन हुआ जिसमे नगर की हिन्दूसमाज से सर्व समाज की 33 जातियों ने मिलकर सामूहिक भोज किया ।
माँ नागेश्वरी दिन में तीन रूप में भक्तो को दर्शन देती है।
अतिप्राचीन माँ नागेश्वरी माता मंदिर एक किले मे स्थित है जहाँ नवरात्रि में अखण्डज्योत जलाई जाती है यहाँ एक गुफा भी है नगर के नानुराम सतपुड़ा आवलिवाले ने बताया कि माँ नागेश्वरी दिन में तीन रूपो में भक्तो को दर्शन देती है प्रातः बालिका के रूप में दोपहर को युवावस्था के रूप में और रात्रि में वृद्धावस्था में माँ के तीन रूपो का दर्शन करने महाराष्ट्र ,राजस्थान ,गुजरात आदि राज्यो से भक्त जन आते हैं और दर्शन कर मनोकामना मांगते हैं जब मनोकामना पूर्ण होती है तो नवरात्रि में आकर माँ के दर्शन करते हैं।