Homeअलीराजपुरजल यंत्रालय की भूमि को भूमाफियाओं द्वारा बेच दी गई है ।...

जल यंत्रालय की भूमि को भूमाफियाओं द्वारा बेच दी गई है ।  मामला संज्ञान में आने के बाद जिला कलेक्टर ने रोका नामांतरण ।

दिलीप सिंह भूरिया अलीराजपुर ब्यूरो चीफ 

नगर परिषद चंद्रशेखर आजाद भाभरा नगर के दाहोद भाभरा मुख्यमार्ग पर स्थित नगर परिषद द्वारा नगर में जल वितरण के लिए सन 1984 के लगभग ग्राम पंचायत से नगर पंचायत बनने पर पीने के पानी की व्यवस्था करने के लिए स्थानीय पुलिया के पास नदी में शासकीय कुवै का निर्माण कर उसने मोटर लगाकर एक बड़ी लोहे की पानी टंकी बनाकर पूरे नगर को पानी सप्लाई किया जाता था लेकिन कुछ वर्षों पूर्व नगर में आधुनिक तकनीकी से नगर में जल सप्लाई किया जाना तय हुआ उसके लिए सेजावाड़ा में एक बड़ा प्लांट तैयार कर नगर भर में आरो का पानी दिया जा रहा है ।

लेकिन जिस जल यंत्रालय की ओर से नगर में पानी दिया जाता था वहां स्थित कुवै और वहा बने भवन को कुछ भूमि माफियाओं द्वारा चोरी चोरी बेच दी गई हैं। जिस भूमि पर जल यंत्रालय बना है उस जमीन को किसी ने दान दी सन 1984 में। जल यंत्रालय के आसपास की भूमि मालिक को अब सारी भूमि का मालिक बताने के लिए नगर की भूमि माफिया गैंग के अलावा कुछ राजनेता भी अपनी जुगाड़ लगाकर उस भूमि का भी कुछ बड़े लोगो को करीब 75 लाख रुपए में सौदा कर बेच चुके है।

लेकिन जिला कलेक्टर अभय बेडेकर के संगठन में आने की वजह से उसकी रजिस्ट्री होने के बाद ही नामांतरण रोक दिया गया है ।लेकिन पूरी नगर परिषद और स्थानीय प्रशासन भी उस भूमि माफियाओं की हा में हा मिलाने की तैयार है नगर परिषद अध्यक्ष और समस्त पार्षद भी इस षडयंत में शामिल हो सकते इस कांड में शामिल हो सकते है क्योंकि भूमि की राशि भी काफी बड़ी है ।

हाल में कुवै और भवन को रात में किसी अज्ञात व्यक्तियों द्वारा तोड़ने की कोशिश की गई लेकिन जैसे ही नगर परिषद सीएमओ को इस बारे में संवाददाता द्वारा जानकारी मांगी गई तो तुरंत उस भवन के दरवाजे को रिपेयर कर वापस लगा दिया ओर उस पर ताला भी मार दिया गया ।आगे देखना है कि यह भूमि को भूमि माफियाओं के हाथों से प्रशासन कैसे बचाता है या बिकने देता है आगे अगले अंक में

RELATED ARTICLES

LEAVE A REPLY

Please enter your comment!
Please enter your name here

Most Popular

Recent Comments

error: Content is protected !!