@Voice Of Jhabua
अभिमन्यु नाम तो सुना होगा…समाज और हिन्दुत्व के नाम पर हमेशा आगे खडा रहने वाला ये वो युवक है…जो समाज और धर्म के लिए जेल भी जा चुका है परंतु आज कुछ जयचंद साईको टाईप के लोग फंसाने में लगे हुए और वो भी उस कृत्य के लिए जो उसने किया ही नही है?ये वो साईको टाईप के लोग है जो अपना हित पूरा करने के लिए समाज व हिन्दुत्व का नाम लेकर दुसरों के कंधों पर बंदुक रख कर गोलियां चलाते है…लेकिन अभी अभिमन्यु अकेला नही है उसके साथ सभी समाज वर्ग के लोग साथ कंधे से कंधा मिला कर खडे रहने को तैयार है…और साथ ही उसे आश्वाशन भी दिया है… कि अगर ज्यादा कुछ हुआ तो जो सभी वर्ग तुम्हारे साथ पुलिस महकमें के सामने खडे भी होने को तैयार है?
मां तो मां होती है… कोई अपनी मां को बीबी तो नही कहता मां ही कहता है….अब पता नही नगर का साइको….मां के बेनर को गलत बता रहा है…अगर मां के नाम से पोस्टर है तो है…वो मां का कार्यक्रम है….और मां से हर धर्म जाति वर्ग का जुडाव होता है….लेकिन ये नगर का साइको अपने को बडा दिखाने के लिए मामले को जबरजस्ती तुल दे रहा है,ये मातृ संगठन के नाम पर सिर्फ और सिर्फ अपनी रोटियां सेकता है….लेकिन इसके अकेले से कुछ नही होगा…हर वर्ग और समाज सभी अभिमन्यु के साथ है….और खड़ा रहेगा…।