झाबुआ- झाबुआ के थांदला वार्ड क्रमांक 11 में स्ट्रीट डॉग हत्या का मामला अब तूल पकड़ता नजर आ रहा है एक ओर जिले की राजनीतिक सियासत भी इस मामले को लेकर गरमाई हुई है तो वही जिले भर के श्वान प्रेमी जीवदया सगठनों ने भी इस मामले को लेकर जिला कलेक्टर व अन्य जीवदया एनजीओ तक अपनी आवाज़ बुलंद कर चुके है मगर गाज हमेशा छोटे अधीनस्थ कर्मचारियों पर ही गिरती है ऐसा यहाँ भी हुआ आदेश देने वाली तो बेखोफ अपनी राजनीतिक दबंगता व रसूख के दम पर अपने आप को पाक साफ बता कर अहीसा परमो धर्म के मार्ग पर तोतलाते हुए चलने की बात कह रही है मगर सच्चाई कभी नही छुपती वह सामने आई जाती हैं
झाबुआ जिले के थांदला में स्ट्रीट डॉग हत्या में मामले में पहले तो स्वच्छता कर्मियो को हटा दिया गया और उसके बाद सीएमओ को भी तत्काल प्रभाव से हटाया गया मगर स्वच्छता कर्मियों के लिखित बयान में गोरे चेहरे के पीछे काला मन व हत्या करवाने का आप साफ-साफ पार्षद दंपति पर है उसके बाद भी पार्षद व उसने नाबालिक बेटे पर कार्यवाही नही करना सबसे बडा सवाल है।
विधायक वीरसिंह भूरिया ने भी इस मामले को लेकर दुख व्यक्त किया और प्रेस वार्ता कर हटाये गए स्वच्छता कर्मियों को वापस काम पर लेने व दोषी पार्षद भूमिका सोनी पर कार्यवाही की मांग की साथ ही उन्होंने कहा की भाजपा की नेत्री के कहने पर आज श्वानों को मौत के घाट उतारा कल किसी ओर पशु ओर इंसान के साथ भी ऐसा कर सकती है
वही इस मामले में स्वच्छता कर्मियों ने लिखित में अपनी बात कही और अपने आप को पाकसाफ बताते हुवे पार्षद व उसके पति के कहने पर उक्त कृत्य की बात कही है ऐसे में अब भाजपा जिला अध्यक्ष का दिल्ली दौरा होने से चुप्पी झाबुआ एवं अलीराजपुर में दो कैबिनेट मंत्री एवं एक सांसद की इस मामले पर चुप्पी समझ के परे है क्या जिला संगठन के माध्यम से भाजपा की प्रदेश संगठन ऐसे जीव दया हत्यारे को बना देगा या फिर पद मुक्त करेगा या फिर प्रदेश के यशस्वी मुख्यमंत्री मोहन यादव कुछ एक्शन लेगे यह बीजेपी को तय करना है कि उनकी पार्टी की छवि जिले में कितनी इस मामले को लेकर खराब हुई है सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म पर इस कृत्य को लेकर भाजपा नेत्री के विरोध में सभी कार्रवाई की मांग कर रहे हैं।