वॉइस ऑफ़ झाबुआ-
पेटलावद । नकली चांदी गिरवी रखने वाले आरोपी ने वॉइस ऑफ़ झाबुआ के कैमरे पर मेघनगर के गोलू का नाम बताया है….मामले को देख रहे पुलिसकर्मी कनाश ने पूरे मामले में गोलू का नाम गोल कर दिया.. आखिर पुलिसकर्मी कनाश ने ऐसा खेल क्यों खेला यह एक बड़ा सवाल है…? क्या गोलू के नाम में गोलमाल कर मोटी मलाई कनाश को मिली है… सुनिए आरोपी खुद कैमरे पर मेघनगर के गोलू का नाम बता रहा है… जबकि नकली चांदी गैंग गिरोह क्षेत्र में बड़े ही शातिराना तरीके से अपने काम को अंजाम दे रहा है, यह नकली चांदी का मामला पहला नहीं है नहीं इसके पूर्व भी नकली चांदी गिरवी रखने का मामला सामने आया था, आखिरकार दूसरी बार नकली चांदी गिरवी रखने के मामले में सिर्फ महिला पुरुष दंपति को ही पुलिसकर्मी ने आरोपी बनाया जबकि गोलू से भी इस पूरे मामले में पूछताछ करना चाहिए थी, परंतु साहब ने बिना पूछताछ के ही ऐसा मामला सेट किया कि मामले से गोलू का नाम ही गोलमाल हो गया। इस ओर पुलिस अधीक्षक महोदय को संज्ञान लेना चाहिए ताकि नकली चांदी गैंग का पर्दाफाश हो सके। जब हमारे द्वारा पुलिसकर्मी से पूछा कि गोलू का भी नाम बताया जा रहा है तो आप क्या इस पर कार्यवाही करोगे तो पुलिस कर्मी कनाश का सिर्फ दो टूक जवाब था कि आपने खबर क्यों छापी… में बताना चाहता हूं साहब को की हमारी खबर छापने से छपने से आपकी कार्रवाई प्रभावित थोड़ी होगी परंतु एक कहावत है ना जिसे नाचना नहीं आता वह आंगन को टेड़ा ही कहता है। साहब भी कुछ ऐसा ही काम इस पूरे मामले में कर रहे हैं। कनाश साहब का हाल ही में काकनवानी थाने के अंतर्गत आने वाली हरीनगर चौकी पर साहब का चौकी प्रभारी के रूप में तबादला हुआ है। साहब जाने के लिए इतने छटपटा रहे हैं कि जैसे तैसे भी यहां से चले जाए और इस पूरे मामले से छुटकारा पाये.. वैसे देखा जाए तो पूरा मामला और साहब की कार्यप्रणाली जांच के घेरे में दिखाई पड़ रही हैं परंतु साहब ने अभी मौन धारण कर लिया क्यों।