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बाबा साहब ने संपूर्ण समाज को एक सूत्र में बांधा : विष्णुदत्त शर्मा

@Voice  ऑफ  झाबुआ

देश की आजादी के बाद सामाजिक भेदभाव और समाज तोड़ने के प्रयास हुए, तब बाबा साहब अंबेडकर जी ने संविधान के माध्यम से संपूर्ण समाज को एक सूत्र में बांधने का काम किया। आज प्रधानमंत्री श्री नरेंद्र मोदी जी सबका साथ, सबका विकास और सबका विश्वास को सरकार के माध्यम से आमजन तक पहुंचाकर बाबा साहब के मंत्र को साकार कर रहे हैं। संविधान के मूल तत्व को अंगिकार कर हम नीचे स्तर तक समाज जोड़ने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाएं, यही संविधान गौरव यात्रा की सफलता है। यह बात भारतीय जनता पार्टी के प्रदेश अध्यक्ष व सांसद विष्णुदत्त शर्मा ने रविवार को प्रदेश भाजपा कार्यालय, पं. दीनदयाल परिसर में अनुसूचित जाति मोर्चा द्वारा आयोजित संविधान गौरव यात्रा के समापन अवसर पर कही। पार्टी के प्रदेश उपाध्यक्ष  व मोर्चा के प्रदेश प्रभारी पंकज जोशी, प्रदेश कोषाध्यक्ष अखिलेश खण्डेलवाल, प्रदेश प्रवक्ता व सांसद महेन्द्र सिंह सोलंकी, मोर्चा के प्रदेश अध्यक्ष डॉ. कैलाश जाटव, प्रदेश मंत्री व यात्रा के संयोजक श्री बलजीत चौहान ने कार्यक्रम को संबोधित किया।
भारतीय जनता पार्टी अनुसूचित जनजाति मोर्चा द्वारा डॉ. भीमराव अंबेडकर की जन्मस्थली महू से संविधान गौरव यात्रा निकाली गई। यात्रा का समापन रविवार को भोपाल में भारतीय जनता पार्टी के प्रदेश कार्यालय में हुआ। समापन अवसर पर पार्टी के प्रदेश अध्यक्ष व सांसद विष्णुदत्त शर्मा ने यात्रा में शामिल कार्यकर्ताओं को संबोधित किया। कार्यक्रम में यात्रा के संयोजक मोर्चा के प्रदेश मंत्री बलजीत चौहान ने प्रदेश अध्यक्ष एवं पार्टी नेताओं को स्मृति चिन्ह भेंट कर स्वागत किया।

बस्ती संपर्क अभियान के माध्यम से भाजपा बाबा साहब को जन-जन तक पहुंचा रही

विष्णुदत्त शर्मा ने कहा कि बाबा साहब अंबेडकर एक ऐसा व्यक्तित्व है, जिन्हें भारत ही नहीं पूरी दुनिया आदर और सम्मान के साथ स्मरण करती है। उन्होंने सामाजिक भेदभाव को न सिर्फ दूर किया बल्कि समाज के अंतिम छोर के व्यक्ति को आगे लाने के जीवनपर्यन्त प्रयास किए। भारतीय जनता पार्टी पूरे देश में बस्ती संपर्क अभियान के माध्यम से अनुसूचित भाईयो-बहनों के बीच जाकर उनसे संपर्क और संवाद कर रही है। उन्होंने कहा कि बाबा साहब का हृदय बहुत विशाल था, समाज में तिरस्कार होने के बाद भी उन्होंने भेदभाव को समाप्त करने का संकल्प लिया। दलितों, पिछड़ों और शोषितों को सम्मान दिलाने का उनका प्रयास प्रणम्य हैं। बाबा साहेब द्वारा निर्मित भारत के संविधान से आज हमारे देश की एकता और अखण्डता अक्षुण्ण होने के साथ ही हर वर्ग को समान अधिकार और हर नागरिक को मौलिक अधिकार प्राप्त है। भारत के संविधान के निर्माण के प्रति बाबा साहेब के समर्पण का प्रतिमान है कि देश का लोकतंत्र सबसे महान कहा जाता है।

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