दिलीप सिंह भूरिया अलीराजपुर ब्यूरो चीफ
चंद्रशेखर आजाद नगर भाभरा थाने में पदस्थ थाना प्रभारि ने कालियावाव निवासी दिव्यांग युवक की निजी और उनके सह परिवार की भूमि पर जबरन वर्दी के जोर से पक्की दीवार बना द8 जिसके बाद युवक ने मौखिक और फिर आवेदन देकर स्थानीय तहसीलदार से सीमांकन करवाया जिसमें पाया गया है

कि पुलिस द्वारा जबरन कब्जा बीते दो माह में पक्की दीवार तथा MPRDC टांडा कट्ठीवाड़ा साजनपुर रोड पर भी सीमेंट की एक फिर दीवार बनाकर लोहे के खम्मे लगाकर तार जाली लगा दी युवक प्रताप पिता मोती ने सभी समाज जनो सहित थाना प्रभारी शिवराम तरो ले से बात भी की थी जिसमें ग्राम कालियावाव से सरपंच मैथ्यू तथा गांव के तडवी और चौकीदार के अलावा ग्रामीण के 50 से ज्यादा ग्राम के लोग एवं साथ ही उसके सभी परिवार के लोग लेकिन थाना प्रभारी को तो पुलिस अधीक्षक का आदेश मानना था इसलिए अपनी वर्दी की गर्मी में बिना किसी पटवारी के सीमांकन और थाने की कितनी जमीन है आसपास की जमीनों को दादागिरी से दो माह के भीतर जबरन दीवार और तार फेंसिंग कर कब्जा जमा लिया

जिसके बाद सीमांकन और सीमांकन के बाद अब युवक ने कब्जे का आवेदन दिया जिस पर सुनवाई शुरू हो चुकी है जिसके बाद थाना प्रभारी को तहसील विभाग से नोटिस मिल गया होगा क्योंकि दिव्यांग युवक प्रताप पिता मोती को कल तारीख पर उपस्थित होकर सुनवाई के लिए रहना होगा । ऐसा ही नोटिस थाना प्रभारी को भी मिला होगा जिससे आगामी दिनों में उनको भी अपने दस्तावेज लेकर उपस्थित होना होगा ।सूत्रों के हवाले से खबर है कि थाना भवन के सौंदर्यकरण और फर्नीचर के लिए बजट आया था लेकिन थाने की बाउंड्रीवाल के लिए कोई राशि नहीं कोई अनुमति नहीं कोई बजट नहीं फिर भी लाखों का काम जनसहयोग से जबकि भाभरा के लोग चंदे के नाम पर 50 रुपए भी नहीं देते लेकिन ब्याज पर करोड़ों बांटते है ।
जो लोग इतना चंदा नहीं देते वो लाखों रुपया किस गलत कामों के लिए दिया होगा और थाना प्रभारी ने उसको जनसहयोग का नाम देकर अतिक्रमण करने के लिए उपयोग किया ।