वॉईस ऑफ झाबुआ / थांदला
सुनने में आ रहा है कि इन दिनों थांदला के दशहरे ग्राउंड के पास रहने वाले एक शासकीय शिक्षक के द्वारा खेल मैदान पर खेलने वाले खिलाड़ियों को बिना वजह परेशान किया जा रहा है गाली गलौज की जा रही है मारने की धमकी दी जा रही है अब आखिर खेल मैदान पर खेलने वाले खिलाड़ियों व योगा व्यायाम करने वाले के साथ ऐसा व्यवहार किया जाएगा तो यह कहां तक उचित है। थांदला के क्रिकेट खिलाड़ियों ने एक आवेदन पुलिस थाना प्रभारी को दिया है जिसमें कहा गया है कि उनके साथ शासकीय शिक्षक पीटर डोडिया के द्वारा अभद्र गालियां मारने की धमकी दी जा रही है खिलाड़ियों के द्वारा दिए गए आवेदन में कहा गया ही की थांदला के महत्वपूर्ण खेल मैदान दशहरा में प्रतिदिन नियमित रूप से व्यायाम योगा और खेल का अभ्यास करते हैं हम में से कई खिलाड़ी प्रदेश स्तर व प्रतियोगिता में भी शामिल हो चुके हैं उल्लेखनीय है कि नगर का एकमात्र खेल मैदान होने से कई खिलाड़ी नगर के गणमान्य नागरिक महिलाएं इस मैदान का उपयोग करते हैं लेकिन रविवार को शासकीय महाविद्यालय के शिक्षक डोडियार द्वारा हमें खिलाड़ियों से अभद्रता पूर्वक वर्कर खेल में बाधा उत्पन्न करने गाली गलौज करने और मारने की बात कही गई है खेल में व्यवधान उत्पन्न कर रहा है वहीं कई खिलाड़ियों को मानसिक रूप से प्रताड़ित भी कर रहा है आए दिन बहानेबाजी कर हमारे पास अभद्रता पूर्वक व्यवहार कर रहा है शिक्षक का अभर्ता पूर्वक व्यवहार गाली गलौज करने के कारण कई खिलाड़ियों ने मैदान में आना ही छोड़ दिया है। जिससे नियमित योग व्यायाम और फिर प्रति गतिविधियां बाधित हो रही है । खेल मैदान में नगर के कई गणमान्य नागरिक महिलाएं भी टहलने आती है ऐसी स्थिति में शिक्षक द्वारा भद्दी भद्दी गालियां देना और मैदान में मैदान के वातावरण को दूषित करने से खेल गतिविधियों भी बांधीत हो रही है उक्त शिक्षक शासन की महत्वपूर्ण योजना स्वच्छ भारत मिशन का प्रतिदिन माखौल उड़ा रहा है अपने घर का कचरा और झूटन सामग्री को मैदान में फेंक रहा है जिससे मैदान के चारों ओर कचरा हो जाता है । अब देखना होगा कि खेल मैदान पर हुई घटना से पुलिस प्रशासन किस प्रकार से नहीं पड़ता है और संबंधित शिक्षक पर क्या कार्रवाई की जाती है।
