झाबुआ संवाददाता
रानापुर सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र में अव्यवस्थाओं का आलम इस कदर है कि पोस्टमार्टम रूम के बाहर तक बिजली की व्यवस्था नहीं है। जब किसी व्यक्ति की आकस्मिक मृत्यु होती है और शव पोस्टमार्टम के लिए लाया जाता है, तो परिजनों को पूरी रात अंधेरे में इंतजार करना पड़ता है।

रात में गंदगी, मच्छरों का प्रकोप और चारों ओर फैला अंधेरा परिजनों की पीड़ा को और बढ़ा देता है। अस्पताल परिसर की बाउंड्रीवॉल भी जर्जर हालत में है, जिससे सुरक्षा का अभाव बना रहता है।
सवाल यह उठता है कि क्या स्थानीय प्रशासन और स्वास्थ्य विभाग के अधिकारियों को इस स्थिति की जानकारी नहीं है? यदि है, तो अब तक इस गंभीर लापरवाही को सुधारने के लिए कोई ठोस कदम क्यों नहीं उठाया गया?