रिपोर्टर :- भरत शर्मा
वाइस ऑफ़ झाबुआ
प्रतिवर्ष अनुसार इस वर्ष भी नवदुर्गा गरबा समिति माधव कॉलोनी पेटलावद द्वारा महा कन्या भोज का आयोजन किया गया। जिसमे सेकड़ो कन्याओ ने भोजन प्रसादी का लाभ लिया। भोजन के पश्चात कन्याओ को तिलक लगाकर सेवफल, केले, श्रंगार सामग्री भेट कर मात्रशक्ति द्वारा आशीर्वाद लिया गया.

नवरात्रि के सबसे महत्वपूर्ण अनुष्ठान में से एक कन्या पूजन है | यह अनुष्ठान आखिरी दिन महासप्तमी, महाष्टमी और महानवमी को होता हैँ, मान्यता है कि 9 दिन नवरात्रि व्रत रखने वालें व्यक्ति को कन्या पूजन जरूर करना चाहिए तभी पूरा फल मिलता है,
पुराणों मे हैँ कन्या पूजन का महत्त्व
नवरात्रि के अंतिम दिन कुवारी कन्या पूजन का विशेष महत्त्व होता हैँ, ये नो कन्याए माँ का नो स्वरूप मानी जाती हैँ, मान्यता हैँ की इस दिन कन्याओ को भोज करवाने से सुख, शांति, और सम्पनता आती हैँ कन्या भोज के लिए 10 वर्ष की कन्या उपयुक्त होती हैँ |
खीर
कन्या पूजन में भोग और कन्या भोज के लिए खीर का भोग लगाना शुभ माना जाता है चावल, दूध,चीनी, और ड्राई फ्रूट, से बनी यह खीर ऐसी मान्यता है की माता रानी के मनपसंद पकवानों में से एक है,
धूमधाम से शुरू हुई नवरात्रि के पर्व के समापन का समय नजदिक आ गया है 9 दिनों तक माता की पूजा अर्चना करने के बाद लोग अपनी श्रद्धा से कन्याओं को भोजन करने के बाद ही व्रत का पारण किया जाता है माता की विदाई की जाती है बता दे की कन्या पूजन के लिए तरह-तरह के पकवान बनाए जाते हैं खासतौर से वह जो माता रानी को पसंद होता है माता रानी को भोग लगाने के बाद ही वह कन्याओं को खिलाया जाता है,

इस सराहनीय आयोजन मे हटकेश्वर मंदिर समिति माधव कालोनी, और श्री बालवीर हनुमान सुन्दरकांड मंडल के पंडित अशोक रामावत, सत्यनारायण जोशी, संजय परिहार, मोहनसिंह चौहान, देवेन्द्र चौहान, मनोज कुमार नागर, रोहित मिस्त्री,उज्ववल मुथा, कपिल वैरागी, विशाल जोशी, भरत शर्मा, अन्य समिति के सदस्य का सराहनीय योगदान रहा, नवदुर्गा समिति ने सभी का आभार व्यक्त किया |